आरबीआई गवर्नर मल्होत्रा ने कहा, ‘हमारी अर्थव्यवस्था मजबूत स्थिति में है, हम कहीं बेहतर हालात में हैं’

नई दिल्ली: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर श्री मल्होत्रा ने हाल ही में कहा है कि देश की अर्थव्यवस्था अब मजबूत आधार पर खड़ी है और वर्तमान स्थिति पिछले वर्षों की तुलना में बेहतर है। इस वक्त, वे अर्थव्यवस्था की मजबूती को लेकर आश्वस्त हैं, बावजूद इसके कि विश्व स्तर पर कई चुनौतियां उपस्थित हैं।
एक सवाल के जवाब में जब उनसे पूछा गया कि RBI के लिए सबसे बड़ी चिंता क्या है, तो उन्होंने इसके पीछे मुख्य वजह के रूप में संघर्ष की अवधि और सप्लाई चेन की बहाली में लगने वाले समय को बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह दोनों कारक ही आर्थिक स्थिरता और विकास के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने आगे कहा, “हालांकि हमारी आर्थिक बुनियाद मजबूत है, लेकिन वैश्विक स्तर पर जारी संघर्ष और उससे जुड़े आपूर्ति तंत्र में व्यवधान से हमें सतर्क रहना होगा। सप्लाई चेन के पुनर्स्थापन में हो रही देरी हमारी विकास प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती है।”
आरबीआई गवर्नर ने इस बात पर भी जोर दिया कि सरकार और केंद्रीय बैंक आर्थिक विकास को बनाए रखने के लिए विभिन्न रणनीतियों पर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “हम वित्तीय स्थिरता सुनिश्चित करने के साथ-साथ सतत विकास को भी प्राथमिकता दे रहे हैं ताकि देश की आर्थिक प्रगति निरंतर बनी रहे।”
उल्लेखनीय है कि हाल के वर्षों में भारत की अर्थव्यवस्था ने कई उतार-चढ़ाव देखे हैं, लेकिन मौजूदा नीतियों और सुधारों के कारण स्थिति कहीं बेहतर नजर आ रही है। विशेषज्ञ मानते हैं कि अगर वैश्विक और आंतरिक चुनौतियों को सही ढंग से प्रबंधित किया गया तो भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से विकास पथ पर आगे बढ़ सकती है।
आरबीआई के इस रूख से यह स्पष्ट होता है कि भारत की आर्थिक नीतियां सुदृढ़ हैं, परन्तु वैश्विक अप्रत्याशित परिस्थितियां चिंता का विषय बनी हुई हैं। आने वाले समय में आर्थिक मंत्रियों और नीति निर्माताओं को सतर्क रहकर नीतिगत निर्णय लेने होंगे ताकि अर्थव्यवस्था को स्थिरता और विकास दोनों मिल सके।



